हिन्दी दिवस मनाना देष के षहीदों व सम्मान का घोर अपमान है

भारत में आजादी के 64 साल बाद भी उसी राश्ट्र भाशा सहित भारतीय भाशाओं की षर्मनाक उपेक्षा करके उसी फिरंगी भाशा अंग्रेजी से देष को हांकना देष की आजादी का गला घोटने के समान व देष में लोकषाही व जनतंत्र का निर्मम हत्या करने के समान देषद्रोह है, जिस फिरंगियों ने सेकड़ों साल तक भारत को गुलाम बनाया था। ऐसे में हिन्दी दिवस मनाना देष के षहीदों व सम्मान का घोर अपमान है। www.rawatdevsingh.blogspot.com

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  1. जब आजादी का दिवस, व प्यार का दिवस वैलेंटाईन दिवस मन सकता है तो इसमें कोई बुराई नहीं है।

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